श्वेताश्वतरोपनिषद – जगत का मूल कारण और उत्पत्ति को दर्शाता उपनिषद
कृष्ण यजुर्वेद शाखा के इस उपनिषद में छह अध्याय हैं। इनमें जगत का मूल कारण, ॐकार-साधना, परमात्मतत्त्व से साक्षात्कार, ध्यानयोग, योग-साधना, जगत की उत्पत्ति, संचालन और विलय का कारण, विद्या-अविद्या, जीव की नाना योनियों से मुक्ति के उपाय, ज्ञानयोग और परमात्मा की सर्वव्यापकता का वर्णन किया गया है। प्रथम अध्याय इस अध्याय में जगत के
Deep Intelligence Article
This research article contains specialized astrological data and multi-system insights. To access the full whitepaper and expanded technical details, please visit our parent repository.
Read Full Article on Astrovastum.com →